Tuesday, 9 December 2025

हठीला भँवर

हठीला भँवर  


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मातृ दिवस : आस की गूँज

तपकर रिश्तों की अगन, सींचा सबका भाग माँ का अनुपम त्याग है, जीवन उसका राग  मेघ गर्जन— माँ की सिखलायी धुन में नाचे मृण शिल्प में बोसा जुड़ रहा...